जीवन बीमा पॉलिसी बंद करने से पहले इन विकल्पों पर विचार करें

जीवन बीमा पॉलिसी बंद करने से पहले इन विकल्पों पर विचार करें

क्या आप अपनी जीवन बीमा पॉलिसी बंद करने जा रहे हैं? क्या आप जानते हैं कि पॉलिसी सरेंडर किए बिना अपनी वित्तीय जरूरतों को पूरा करने के लिए आपके पास कुछ विकल्प हैं?

यदि आपको नहीं पता कि आपके लिए अन्य विकल्प उपलब्ध हैं तो आप सही जगह पर हैं। इस पोस्ट में, हम आपको कुछ विकल्प बताएंगे जिन्हें आप पॉलिसी बंद करने से पहले विचार कर सकते हैं। व्यावहारिक रूप से, बीमा पॉलिसी आत्मसमर्पण एक अच्छा विकल्प नहीं है क्योंकि यह सरेंडर चार्ज जैसे जुर्माने के अधीन है। इसलिए ऐसा करने से पहले अन्य विकल्पों के बारे में सोच लेना चाहिए।

शायद, आप जानते होंगे कि जीवन बीमा अनुबंध को समाप्त करने पर आपको केवल अर्जित बोनस ही मिलता है जोकि दिए गए प्रीमियम से बहुत कम होता है।

बीमा कंपनियां आपके प्रीमियम का कुछ प्रतिशत मनी मार्केट में लगाती है और आपकी पॉलिसी को इस तरह डिजाइन करती है की इसकी अवधि पूरी होने पर आपको तय किए गए फायदे मिले। लेकिन अगर आप अपनी जीवन बीमा पॉलिसी को बीच में ही बंद करते हैं तो आपका बीमाकर्ता आपको बीमा राशि का भुगतान करने के लिए उत्तरदायी नहीं होता है।

इसलिए, यह सलाह दी जाती है कि आप जीवन बीमा पॉलिसी बंद ना करें और अपनी आर्थिक जरूरतों को पूरा करने के लिए और तरीके ढूंढे।

क्या आप जानते हैं कि अपनी पॉलिसी को सरेंडर करके आप अपने बचत पोर्टफोलियो पर लंबे रिटर्न अर्जित करने का अवसर खो देते हैं? आपकी जीवन बीमा पॉलिसी बंद हो जाएगी जिसका मतलब है कि आपकी बीमा कंपनी अब आपको कवर नहीं करेगी?

हम समझते हैं कि कभी-कभी कुछ वजहओ के कारण हमें ऐसे कठिन निर्णय (पॉलिसी आत्मसमर्पण) लेने की आवश्यकता पड़ जाती है। हम आपको ऐसे कठिन निर्णय लेने से पहले अन्य विकल्पों से अवगत करवाना चाहते हैं। शायद इनमें से कोई आपके काम का हो और आप पॉलिसी सरेंडर किए बिना ही अपना काम कर सकें।

जीवन बीमा पॉलिसी बंद करने से पहले इन विकल्पों पर विचार करें

जीवन बीमा पॉलिसी बंद करने से पहले इन विकल्पों पर विचार करें

पार्शियल विड्रोल (Partial withdrawal)

कुछ जीवन बीमा पॉलिसी जिनमें इन्वेस्टमेंट इंस्ट्रूमेंट होते हैं पार्शियल विड्रोल जैसे विकल्पों के साथ आती हैं। पार्शियल विड्रोल सुविधा के साथ, पॉलिसीधारक अपने पोर्टफोलियो में जमा नकद का एक हिस्सा वापस ले सकते हैं।

उदाहरण के तौर पर 25% या 30% (वास्तविक आंकड़ा आपकी पॉलिसी पर निर्भर करता है) जिसका मतलब है कि अगर आपके बीमा पोर्टफोलियो एक लाख जमा है तो आप 25 हजार से 30 हजार रुपए पॉलिसी पूरी होने से पहले निकलवा सकते हैं।

अगर आपकी पॉलिसी पार्शियल विड्रोल ऑप्शन के साथ आती है तो इसका प्रयोग करके आप अपनी आर्थिक जरूरत को पूरा कर सकते हैं और आपको इससे अपनी जीवन बीमा पॉलिसी बंद नहीं करनी पड़ेगी।

जीवन बीमा पॉलिसी पर कर्ज ले (Loan on policy)

शायद आपको पता ना हो कि आप अपनी जीवन बीमा पॉलिसी पर कर्जा ले सकते हैं। इसलिए हम सुझाव देते हैं कि आप अपने पैसे की आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए इस विकल्प पर विचार करें।

हालांकि जीवन बीमा पॉलिसी पर कर्ज लेना उचित नहीं होता हैं फिर भी आपातकालीन धन की आवश्यकता होने पर इस विकल्प को चुन सकते हैं। पॉलिसी पर कितना कर्ज मिल सकता है यह निर्भर करता है कि आपकी पॉलिसी कितनी पुरानी है।

आर्थिक जरूरतों को पूरा करने के लिए जीवन बीमा पॉलिसी बंद करने से अच्छा है कि आप अपनी पॉलिसी पर लोन लेकर अपनी जरूरत को पूरा कर ले।

जीवन बीमा पॉलिसी को पेड-अप पॉलिसी में बदले (Make policy paid-up)

आपातकालीन स्थिति में धन की व्यवस्था के लिए ऊपर दिए गए दो समाधानों का उपयोग किया जा सकता है। लेकिन अगर कोई व्यक्ति अपने बीमा को जारी रखने में अनिच्छुक हो तो जीवन बीमा पॉलिसी बंद करने की बजाय उसे पेड-अप में बदलना ज्यादा उचित हो सकता है।

यदि आपने कम से कम 2 वर्ष (समय बीमा पॉलिसी और कंपनी पर निर्भर करता है) के लिए प्रीमियम का भुगतान किया है तो आप अपनी पॉलिसी को पेड अप पॉलिसी में बदल सकते हैं।

पेड-अप पॉलिसी में, पॉलिसीधारक लॉक-इन अवधि की समाप्ति के बाद प्रीमियम का भुगतान करना बंद कर देता है। लेकिन उसकी जीवन बीमा पॉलिसी बंद नहीं करता है, उस स्थिति में बीमाकर्ता पॉलिसी को पेड-अप पॉलिसी में बदल देता है। ऐसा करने के लिए पॉलिसीधारक को अपने इंश्योरेंस एजेंट या बीमा कंपनी से संपर्क करना पड़ता है।

परिपक्वता के समय, पॉलिसीधारक द्वारा भुगतान किए गए प्रीमियम के अनुसार नकदी मूल्य और बोनस (यदि कोई हो) के साथ बीमा राशि प्राप्त होती है।

नोट: यदि आप अपनी पॉलिसी को पेड-अप में कनवर्ट करना चाहते हैं तो लॉक-इन अवधि समाप्त होने तक आपको प्रीमियम का भुगतान करना पड़ सकता है। ऐसा करना पॉलिसी बंद करने से ज्यादा उचित होगा।

अपनी पॉलिसी को कन्वर्ट करें (Convert insurance policy)

अगर आप जीवन बीमा पॉलिसी बंद करके कोई दूसरी पॉलिसी खरीदने जा रहे हो तो पहले यह देखें कि क्या आप अपनी पॉलिसी को दूसरी पॉलिसी में कन्वर्ट कर सकते हैं। कुछ बीमा कंपनियां ग्राहक को अपनी पॉलिसी कन्वर्ट करने देती है। जिसका मतलब है कि वह एक प्लान से दूसरे प्लान को चुन सकता है वह भी अपनी पॉलिसी बंद किए बिना। इसी तरह कुछ बीमा कंपनियां एक कंपनी से दूसरी कंपनी में पॉलिसी कन्वर्ट करने देती है।

पढ़े: पॉलिसी सरेंडर नियम: अक्सर पूछे जाने वाले सवाल और जवाब

अपना इंश्योरेंस प्रीमियम कम करें (Reduce insurance premium)

अगर आपका बीमा प्रीमियम आपके हिसाब से ज्यादा है तो आप अपनी बीमा कंपनी से संपर्क करके अपना प्रीमियम कम करवा सकते हो। ऐसा करने से आपका सम-इंश्योर्ड कम हो जाएगा। लेकिन आप जितना प्रीमियम आसानी से भर सकते हो उतना रख सकते हो।

अगर ऊपर दिए गए विकल्पों में से आपको अपने लिए कोई उचित नहीं लगा तो आप अपनी जीवन बीमा पॉलिसी बंद कर सकते हैं। जाने बीमा पॉलिसी कैसे सरेंडर करें।

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